परिवार के एक सदस्य के बीमार हो जाने पर संपूर्ण परिवार पर इसका प्रभाव होता है। बीमार व्यक्ति को ठीक होने के लिए दवाइयों के साथ साथ उचित देखभाल की जरूरत होती है,सहानुभूति, उचित भोजन ,परिवार का सहयोग बीमारी से उबरने में अत्यधिक उपयोगी है,
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आहार प्रक्रिया- एक समय के खाने को तीन
हिस्सों में बांट दें और उसे एक आधे घंटे के अंतराल में खिलाएं इससे मेटाबॉलिज्म अच्छा
रहता है|
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योग- प्रणायाम एक ऐसी चीज है
जो एक इंसान की थकान, तनाव दूर करता है
एवं मानसिक संतुलन बनाए रखने में मददगार रहता है|बीमार व्यक्ति को प्राणायाम सुबह और शाम करवाएं | बीमार व्यक्ति के लिए ऐसा करना बहुत ही लाभदायक रहेगा, अगर कंडीशन बहुत ही ज्यादा खराब है तो आप उन्हें सिर्फ अनुलोम विलोम करवाकर भी लाभ पहुंचा सकते हैं इससे मरीज के अन्य ऑर्गन तक ऑक्सीजन पर्याप्त मात्र में पहुंच जाएगी| क्योंकि सांस लेना किसी भी मनुष्य के लिए सबसे महत्वपूर्ण कार्य है तो अगर आप यह कार्य बहुत अच्छे सेकरेंगे तो यह बहुत लाभदायक साबित होगा |
एवं मानसिक संतुलन बनाए रखने में मददगार रहता है|बीमार व्यक्ति को प्राणायाम सुबह और शाम करवाएं | बीमार व्यक्ति के लिए ऐसा करना बहुत ही लाभदायक रहेगा, अगर कंडीशन बहुत ही ज्यादा खराब है तो आप उन्हें सिर्फ अनुलोम विलोम करवाकर भी लाभ पहुंचा सकते हैं इससे मरीज के अन्य ऑर्गन तक ऑक्सीजन पर्याप्त मात्र में पहुंच जाएगी| क्योंकि सांस लेना किसी भी मनुष्य के लिए सबसे महत्वपूर्ण कार्य है तो अगर आप यह कार्य बहुत अच्छे सेकरेंगे तो यह बहुत लाभदायक साबित होगा |
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सफाई रखें- बीमार व्यक्ति के आसपास
सफाई रखें, क्योंकि बीमार व्यक्ति को इंफेक्शन का खतरा ज्यादा रहता है तो इंफेक्शन
से बचाने के लिए बीमार व्यक्ति के आसपास सफाई होना बहुत जरूरी है|
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समय पर दवाई खिलाए–किसी भी बीमार इंसान का ठीक होने के लिए समय पर दवाइयां लेना अतिआवश्यक है| और अगर आप को दवाइयां खिलाना
याद नहीं रहता है तो अपने फ़ोन पर अलार्म सेट कर ले और समय-समय पर मरीज को दवाई खिलाईये|
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मरीज के कमरे में उजाला रखें- बीमार व्यक्ति के कमरे में उजाला रखें इससे नकारात्मक उर्जा बाहर जाती है और सकारात्मक
ऊर्जा प्रवेश करती है और हो सके तो बीमार व्यक्ति के कमरे के परदे भी हल्के रंग के
लगाएं इससे आंखों में चुभन महसूस नहीं होती है|
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समय- समय पर पानी पिलाएं- बीमार व्यक्ति को समय समय
पर पानी पिलाएं जिस से पाचन अच्छा रहता है एवं दूषित तत्व बाहर
निकलते हैं|
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सुबह की धूप- हो सके तो बीमार व्यक्ति को सुबह की धूप दिलवाएं जिससे कि बीमार के शरीर को विटामिन –डी पर्याप्त मिल पाए |
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साथ समय बिताएं- जितना ज्यादा हो सके बीमार व्यक्ति के साथ समय व्यतीत करें,क्योंकि अक्सर बीमारी में
अकेले समय पर बुरे ख्याल आते हैं| किसी भी मरीज के ठीक होने के लिए
दो चीजें
बहुत ही ज्यादा महत्वपूर्ण है ,पहली –ठीक होने कीआस, दूसरी-जीने की चाह और यह दोनों
चीजें आप दूसरे लोग भी बनाए रख सकते हैं|






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